शिवहर में निगरानी बिभाग ने घूस लेते दो इंजीनियरों को रंगे हाथों किया गिरफ्तार....
शिवहर में निगरानी बिभाग ने घूस लेते दो इंजीनियरों को रंगे हाथों किया गिरफ्तार....
चम्पारण टुडे न्यूज डेस्क
शिवहर:-जिले के भवन निर्माण विभाग के कार्य प्रमंडल के दो इंजीनियरों को शनिवार की सुबह निगरानी विभाग की टीम ने घूस लेते रंगेहाथ गिरफ्तार कर लिया है. कार्यपालक अभियंता अमरेंद्र कुमार को 33 हजार व कनीय अभियंता विद्यासागर को 55 हजार रुपये घूस लेते रंगे पकड़ा गया.दोनों की गिरफ्तारी सुबह में कार्यालय खुलने के तुरंत बाद उनके कार्यालय से ही हुई. कार्यपालक अभियंता अमरेंद्र कुमार अरवल जिले के करपी गांव के निवासी हैं,जबकि जेई विद्यासागर पटना के बाढ़ के रहने वाले हैं.छापेमारी टीम का नेतृत्व निगरानी डीएसपी महाराजा कनिष्क कुमार सिंह कर रहे थे.
निगरानी टीम के मुताबिक सरोजा सीताराम सदर अस्पताल के भवन निर्माण की कुल 55 लाख की राशि में से लंबित बिल 30 लाख के भुगतान के लिए दोनों इंजीनियरों ने अभिकर्ता रमेश शंकर पांडेय से रिश्वत की मांग की थी.अभिकर्ता ने इसकी शिकायत निगरानी विभाग में दर्ज कराई थी। मामले के सत्यापन के बाद इंजीनियरों की गिरफ्तारी के लिए निगरानी टीम ने जाल बिछाया.शनिवार की सुबह कार्यालय में दोनों को जैसे ही अभिकर्ता ने घूस की राशि दी, निगरानी टीम ने दोनों को रंगेहाथ दबोच लिया.
गिरफ्तारी के बाद निगरानी की टीम दोनों को शिवहर सर्किट हाउस में ले गई,जहां गहन पूछताछ की.इसके बाद दोनों को एसपी कार्यालय ले गई.शिवहर एसपी प्रकाश नाथ मिश्र ने बताया कि गिरफ्तार दोनों इंजीनियरों को निगरानी टीम पटना ले गयी. उन्होंने बताया कि बीते एक माह से अधिक समय से ठेकेदार से रिश्वत की मांग की जा रही थी. छापेमारी में डीएसपी के अलावा विरेन्द्र नारायण सिंह व ईवश्वर प्रसाद आदि शमिल थे.
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| गिरफ्तार इंजीनियरों के साथ निगरानी बिभाग के अधिकारी |
शिवहर:-जिले के भवन निर्माण विभाग के कार्य प्रमंडल के दो इंजीनियरों को शनिवार की सुबह निगरानी विभाग की टीम ने घूस लेते रंगेहाथ गिरफ्तार कर लिया है. कार्यपालक अभियंता अमरेंद्र कुमार को 33 हजार व कनीय अभियंता विद्यासागर को 55 हजार रुपये घूस लेते रंगे पकड़ा गया.दोनों की गिरफ्तारी सुबह में कार्यालय खुलने के तुरंत बाद उनके कार्यालय से ही हुई. कार्यपालक अभियंता अमरेंद्र कुमार अरवल जिले के करपी गांव के निवासी हैं,जबकि जेई विद्यासागर पटना के बाढ़ के रहने वाले हैं.छापेमारी टीम का नेतृत्व निगरानी डीएसपी महाराजा कनिष्क कुमार सिंह कर रहे थे.
निगरानी टीम के मुताबिक सरोजा सीताराम सदर अस्पताल के भवन निर्माण की कुल 55 लाख की राशि में से लंबित बिल 30 लाख के भुगतान के लिए दोनों इंजीनियरों ने अभिकर्ता रमेश शंकर पांडेय से रिश्वत की मांग की थी.अभिकर्ता ने इसकी शिकायत निगरानी विभाग में दर्ज कराई थी। मामले के सत्यापन के बाद इंजीनियरों की गिरफ्तारी के लिए निगरानी टीम ने जाल बिछाया.शनिवार की सुबह कार्यालय में दोनों को जैसे ही अभिकर्ता ने घूस की राशि दी, निगरानी टीम ने दोनों को रंगेहाथ दबोच लिया.
गिरफ्तारी के बाद निगरानी की टीम दोनों को शिवहर सर्किट हाउस में ले गई,जहां गहन पूछताछ की.इसके बाद दोनों को एसपी कार्यालय ले गई.शिवहर एसपी प्रकाश नाथ मिश्र ने बताया कि गिरफ्तार दोनों इंजीनियरों को निगरानी टीम पटना ले गयी. उन्होंने बताया कि बीते एक माह से अधिक समय से ठेकेदार से रिश्वत की मांग की जा रही थी. छापेमारी में डीएसपी के अलावा विरेन्द्र नारायण सिंह व ईवश्वर प्रसाद आदि शमिल थे.

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