गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के सरकारी दावे की कल्पना से कोसो दूर है घोड़ासहन के विजयी पड़रिया का उत्क्रमित मध्य विद्यालय
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| स्कूल की तस्वीर |
चम्पारण टुडे घोड़ासहन की रिपोर्ट
घोड़ासहन:छात्र-छात्राओं को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के सरकारी दावे की कल्पना से कोसो दूर है प्रखंड के विजयी पड़रिया का उत्क्रमित मध्य विद्यालय.बीते शनिवार को चम्पारण टुडे की टीम विद्यालय पहुंची जहाँ 8 शिक्षको में सिर्फ 6 शिक्षक उपस्थित पाये गए वही प्रधानाध्यापक सहित एक शिक्षक गायब पाए गए.विद्यालय संचालन के बारे में पूछने पर वरीय शिक्षक प्रभात मिश्रा ने बताया कि कूल 8 शिक्षको में प्रधानाध्यापक बैधनाथ मिश्रा समेत एक अन्य शिक्षक अवकाश में है.मध्यान्ह भोजन के संदर्भ में पूछने पर बताया कि पिछले चार रोज से मध्यान्ह भोजन बन रहा है वही पदस्थापित रसोइयों ने बताया की पिछले 6 माह से मध्यान्ह भोजन बन्द था जो अभी 4 रोज से बनाये जा रहे है.वही 11 बजे तक वर्ग पांच से वर्ग आठवां
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| कमरे से बाहर बरामदे में पढ़ते बच्चे |
तक का एक भी छात्र-छात्रा उपस्थित नही था.उपस्थित बच्चों से मध्यान्ह भोजन के बारे मे पूछने पर बताया कि बहुत दिनों बाद 4 दिन से भोजन मिल रहा है.भोजन करने के लिए छात्र-छात्रा अपने घर से थाली लेकर आते है व उस थाली को खुद से धोकर फिर अपने घर ले जाते है.कमरा रहने के वावजूद सभी बच्चे स्कूल के बरामदे में जमीन पर बैठकर पढ़ते हुए पाए गए.बच्चों की उपस्थिति पंजी में भी भारी अनिमियता पायी गयी.उपस्थित शिक्षको ने अपनी दबी जुबान से प्रधानाध्यपक के इस रवैये से क्षुब्ध है लेकिन वे इनके बिरुद्ध बोल नही सकते चुकी इनके बोलने से उक्त प्रधाना ध्यपक द्वारा केश करने की भी धमकी देने में बाज नही आते.पोषक क्षेत्र के अभिभावको का माने तो जो भी इनके बिरुद्ध जाता उन्हें मारपीट तथा पैसा की लूट की केश की धमकी दी जाती.इस बाबत बीइओ योगेन्द्र राय शर्मा ने बताया की मेरे द्वारा लगभग 2 सप्ताह पूर्व उक्त विद्यालय का औचक निरीक्षण किया गया था जिस दौरान प्रधानाध्यापक बैधनाथ मिश्र समेत दो शिक्षक बिना सूचना अनुपस्थित पाए गए थे.इन शिक्षको के विरुद्ध वेतन बन्द कर स्पष्टीकरण की मांग की गयी थी.वही शिक्षक उपस्थिति पंजी का अवलोकन किया गया
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| मध्यान्ह भोजन करने के लिये अपने घर से थाली लेकर आये स्कूल के बच्चे |
जिसमें इन शिक्षको द्वारा कई दिनों से काटी गयी हाजिरी को दुबारा हाजिरी बनाया पायी गयी थी.अबतक इन लोगों द्वारा मांगी गयी स्पष्टीकरण का जवाब नही मिला है.उन्होंने ने बताया कि दो वर्ष पूर्व भी उक्त विद्यालय के औचक निरीक्षण में विभिन्न अनियमियातो को लेकर उक्त प्रधानाध्यापक के विरुद्ध निलंबन की करवाई के लिए जिला कार्यक्रम पदाधिकारी स्थापना को लिखा गया था लेकिन जिला द्वारा कोई करवाई अभीतक नही की गयी.इधर प्रधानाध्यापक के अवकाश मामले में अनभिज्ञता जाहिर की.वही मध्यान्ह भोजन से संबंधित जानकारी व बच्चों के थाली के बारे मे जब प्रखंड साधनसेवी से संपर्क किया गया तो उनका मोबाइल स्विच ऑफ पाया गया.
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