वार्ड सदस्य ने आत्मदाह करने की कोशिश की
विककी कुमार सिंह, सीतामढ़ी।
सीतामढी समाहरणालय मे तब अफ़रा तफ़री मच गयी जब सिंहवाहिनी पंचायत के वार्ड सदस्य विरेंद्र राम ने पंचायत की मुखिया रितु जायसवाल पर मारपीट और जातीसुचक गालियाँ देने के बावजूद अबतक कोई कार्रवाई नही किये जाने से परेशान दलित वार्ड सदस्य अपने पूरे परिवार के साथ आत्मदाह की कोशिश की हलांकि मौके पर मौजूद सिपाही ने पकड़ कर शोर मचाना शुरू किया जिसके बाद एसडीओ समेत पूरा प्रशासन ने मौके पर पहुँचकर दलित परिवार को हिरासत में ले लिया इससे पहले विरेंद्र राम ने शरीर पर किरासन तेल डालकर आग लगाने की कोशिश की लेकिन समय रहते उसे बचा लिया गया और किरासन तेल के गैलन को क़ब्ज़े मे ले लिया।
इस दौरान थोड़ी देर के लिये चारो तरफ़ अफ़रातफ़री मच गयी वही बचाने के प्रयास में लगे एसडीएम मुकुल कुमार गुप्ता ने बताया कि सिंहवाहिनी पंचायत की मुखिया रितु जायसवाल पर मारपीट का आरोप लगाया गया थी जिसको लेकर प्राथमिकी भी दर्ज करायी गयी थी लेकिन कार्रवाई नही किये जाने से विरेंद्र राम ने आत्मदाह की कोशिश की जिसे बचा लिया गया है और पूछताछ की जा रही है ,दूसरी ओर डीएसपी ने केस को फ़ॉल्स किया था इस बावत जब मिडिया ने उनसे सवाल किया तो वो बिना कुछ बोले वहाँ से निकलते बने,वही विरेंद्र राम ने कहा कि जातिसूचक गाली देकर मारपीट की गयी कार्रवाई नही हुई डीएम के आश्वासन के बाद भी डीएसपी पर पैसा लेकर केस को झूठा करने का आरोप लगाया एक घंटे तक चले इस ड्रामे मे काफ़ी गहमा गहमी रही ।
सीतामढी समाहरणालय मे तब अफ़रा तफ़री मच गयी जब सिंहवाहिनी पंचायत के वार्ड सदस्य विरेंद्र राम ने पंचायत की मुखिया रितु जायसवाल पर मारपीट और जातीसुचक गालियाँ देने के बावजूद अबतक कोई कार्रवाई नही किये जाने से परेशान दलित वार्ड सदस्य अपने पूरे परिवार के साथ आत्मदाह की कोशिश की हलांकि मौके पर मौजूद सिपाही ने पकड़ कर शोर मचाना शुरू किया जिसके बाद एसडीओ समेत पूरा प्रशासन ने मौके पर पहुँचकर दलित परिवार को हिरासत में ले लिया इससे पहले विरेंद्र राम ने शरीर पर किरासन तेल डालकर आग लगाने की कोशिश की लेकिन समय रहते उसे बचा लिया गया और किरासन तेल के गैलन को क़ब्ज़े मे ले लिया।
इस दौरान थोड़ी देर के लिये चारो तरफ़ अफ़रातफ़री मच गयी वही बचाने के प्रयास में लगे एसडीएम मुकुल कुमार गुप्ता ने बताया कि सिंहवाहिनी पंचायत की मुखिया रितु जायसवाल पर मारपीट का आरोप लगाया गया थी जिसको लेकर प्राथमिकी भी दर्ज करायी गयी थी लेकिन कार्रवाई नही किये जाने से विरेंद्र राम ने आत्मदाह की कोशिश की जिसे बचा लिया गया है और पूछताछ की जा रही है ,दूसरी ओर डीएसपी ने केस को फ़ॉल्स किया था इस बावत जब मिडिया ने उनसे सवाल किया तो वो बिना कुछ बोले वहाँ से निकलते बने,वही विरेंद्र राम ने कहा कि जातिसूचक गाली देकर मारपीट की गयी कार्रवाई नही हुई डीएम के आश्वासन के बाद भी डीएसपी पर पैसा लेकर केस को झूठा करने का आरोप लगाया एक घंटे तक चले इस ड्रामे मे काफ़ी गहमा गहमी रही ।

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